फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

High Court : पुलिस का काम अपराधों की जांच करना है, शादियों की नहीं

Wed, 01 Jul 2026 11:05 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

लाहाबाद हाईकोर्ट ने बालिग जोड़े के अपनी मर्जी से शादी करने के मामले में पुलिस के अनावश्यक हस्तक्षेप पर नाराजगी जताई है। कहा कि बार-बार कहा गया है कि पुलिस का काम अपराधों की जांच करना है, शादियों की नहीं।
Register For Event
विज्ञापन
इलाहाबाद हाईकोर्ट। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बालिग जोड़े के अपनी मर्जी से शादी करने के मामले में पुलिस के अनावश्यक हस्तक्षेप पर नाराजगी जताई है। कहा कि बार-बार कहा गया है कि पुलिस का काम अपराधों की जांच करना है, शादियों की नहीं। इसके बावजूद ऐसे मामलों के प्रति पुलिस का आकर्षण कम नहीं हो रहा। इस टिप्पणी संग जेजे मुनीर व न्यायमूर्ति अचल सचेदव की खंडपीठ ने लड़के के पिता को थाने बुलाकर बार-बार पूछताछ करने के मामले में पुलिस अधीक्षक (एसपी) व सराय ख्वाजा के थाना प्रभारी को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

विज्ञापन


जौनपुर के सराय ख्वाजा थाना क्षेत्र की युवती ने एक युवक से अपनी मर्जी से शादी की थी। युवक के खिलाफ थाने में अपहरण के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई गई थी। कोर्ट ने अगस्त 2024 में ही उसकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी थी। मामले में पुलिस फाइनल रिपोर्ट अदालत में दाखिल कर चुकी है। इसके बावजूद लड़के के पिता को थाने बुलाकर परेशान किया जा रहा था। हाईकोर्ट ने पुलिस के इस आचरण पर गहरी नाराजगी जताई। हाईकोर्ट ने पुलिस अधिकारी से पूछा है कि जब केस में फाइनल रिपोर्ट लग चुकी है तो बुजुर्ग पिता को थाने क्यों बुलाया जा रहा है। अगली सुनवाई छह जुलाई को होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें