सीएम ने इस बैठक में सांसद सतीश गौतम से कहा कि आप भी सभी का सहयोग करिये। इस पर सांसद ने जवाब दिया कि ये लोग भी तो लगें। चुनाव तो इन्हीं को लडऩा है। इस पर सीएम ने कहा कि आगे तो आप भी लड़ेंगे। इस पर सांसद की ओर से जवाब आया कि ठीक है, वह खुद व अपनी टीम को लगाएंगे। जिस तरह इन लोगों ने सहयोग किया था। उससे कहीं अधिक वह सहयोग करेंगे। इस पर सीएम खुलकर हंस पड़े।
एसआईआर पर फोकस के साथ ही योगी ने अलीगढ़ में दिया जीत का मंत्र
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगामी 2027 विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों को एसआईआर प्रक्रिया पर ध्यान देने के साथ ही जनप्रतिनिधियों व पदाधिकारियों को जीत का मंत्र भी दे दिया। इसमें बूथ स्तर पर वोटों के प्रबंधन से लेकर नए वोटरों को जोड़ने तक की प्रक्रिया शामिल है।
रविवार को अलीगढ़ मंडल की समीक्षा बैठक के लिए कलेक्ट्रेट सभागार पहुंचे मुख्यमंत्री ने साफ किया कि अब केवल विकास कार्यों की उपलब्धि की ''डुगडुगी पीटने'' से जीत हासिल नहीं की जा सकती, बल्कि चुनाव को मतदाता सूची के साथ ही जीता जा सकता है। ध्यान देने योग्य तथ्य यह है कि अलीगढ़ में एसआईआर कार्य शुरू होने से पहले चुनाव आयोग के सॉफ्टवेयर में लगभग ढाई लाख डुप्लीकेट वोटर चिह्नित किए गए थे। मुख्यमंत्री ने आगामी विधानसभा चुनाव को एक चुनौती के रूप में स्वीकार करने की आवश्यकता पर बल दिया और सभी को फर्जी वोटों को सूची से बाहर निकालने पर ध्यान केंद्रित करने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने भाजपा के जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि वे अधिकारियों के भरोसे चुनाव जीतने की उम्मीद न करें। उन्होंने अपनी रणनीति, सक्रियता और सतर्कता पर ध्यान केंद्रित करने के लिए कहा। इस बैठक से स्पष्ट है कि भाजपा का शीर्ष नेतृत्व 2027 के चुनाव में विकास के साथ-साथ सूक्ष्म प्रबंधन (माइक्रो-मैनेजमेंट) और मतदाता सूची पुनरीक्षण को एक केंद्रीय रणनीति के रूप में देख रहा है।