आगरा में मनकामेश्वर मेट्रो स्टेशन पर सोमवार रात युवक जेब में 32 बोर के आठ कारतूस लेकर पहुंच गया। चेकिंग के दौरान यूपी स्पेशल सिक्योरिटी फोर्स (एसएसएफ) के जवानों ने उसे पकड़ लिया। युवक ने पिता की लाइसेंसी पिस्टल के कारतूस होने की बात कही। इस दौरान अन्य यात्री भयभीत हो गए। सुरक्षकर्मी युवक को कंट्रोल रूम ले गए। नियम विरुद्ध कारतूस लेकर मेट्रो स्टेशन आने के आरोप में थाना रकाबगंज पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। मंगलवार को कोर्ट में पेश किया गया, वहां से जेल भेज दिया गया।
एसीपी सदर इमरान अहमद ने बताया कि सोमवार रात आठ बजे मनकामेश्वर मेट्रो स्टेशन पर एसएसएफ के सिपाही अनिल उपाध्याय चेकिंग कर रहे थे। मेटल डिटेक्टर ने युवक की जेब में लोहे का सामान होना इंगित किया। तलाशी लेने पर 32 बोर के आठ कारतूस मिले। युवक ने अपना नाम थाना एकता के अकबरपुर निवासी मोहित अरेला बताया। वह लाइसेंस नहीं दिखा सका। इसके बाद एसएसएफ ने थाना रकाबगंज पुलिस को सूचना दी।
एसीपी के अनुसार एसएसएफ जवान की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। उसने पूछताछ में बताया कि उसके पिता योगेंद्र अरेला के पास लाइसेंसी पिस्टल है। वह फाइनेंस का काम करता है। वह पिता को कारतूस देने जा रहा था। हालांकि, जांच में इसकी पुष्टि नहीं हुई। किसी दूसरे के लाइसेंस पर हथियार और कारतूस रखना भी अपराध है। विवेचना में अन्य साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
रद्द हो सकता है लाइसेंस
एसीपी ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है। पिता अगर कारतूस का सही विवरण भी दे देते हैं तो भी लाइसेंस का दुरुपयोग ही माना जाएगा। ऐसे में पुलिस लाइसेंस निरस्त करने की रिपोर्ट भी जिलाधिकारी को भेजेगी।