पंजाबियों की मजबूत आबादी वाले ब्रैंप्टन, मिसीसागा और टोरंटो जैसे इलाकों में इस मुद्दे ने गहरी हलचल पैदा कर दी है। युवाओं का आरोप है कि सरकार ने दस्तावेजों की सत्यापन प्रक्रिया का मौका दिए बिना ही एकतरफा आवेदन खारिज कर दिए गए।
कनाडा में सैकड़ों पंजाबी युवाओं का भविष्य संकट में है। ओंटारियो इमिग्रेंट नॉमिनी प्रोग्राम के तहत बड़ी संख्या में आवेदन धोखाधड़ी या भ्रामक जानकारी के आरोप में रद्द कर दिए गए हैं और युवाओं को निर्वासित किए जाने की तैयारी चल रही है।
विज्ञापन
इस फैसले के खिलाफ कनाडा में जोरदार विरोध शुरू हो गया है। प्रदर्शन कर रहे युवाओं को अब राजनीतिक समर्थन भी मिलने लगा है। ओंटारियो के चीफ डग फोर्ड सरकार के खिलाफ हो रहे विरोध के बीच विपक्षी नेता मेरिट स्टाइल्स स्वयं मौके पर पहुंचकर पंजाबी युवाओं के समर्थन में नारे लगाते दिखे।
पंजाबियों की मजबूत आबादी वाले ब्रैंप्टन, मिसीसागा और टोरंटो जैसे इलाकों में इस मुद्दे ने गहरी हलचल पैदा कर दी है। युवाओं का आरोप है कि सरकार ने दस्तावेजों की सत्यापन प्रक्रिया का मौका दिए बिना ही एकतरफा आवेदन खारिज कर दिए, जबकि सरकार यह दावा कर रही थी कि उसे एक लाख कुशल श्रमिकों की जरूरत है।
विज्ञापन
इमिग्रेशन संकट से जूझ रहे युवाओं में विंडसर में बढ़ई के रूप में काम कर रहे जगजीत सिंह भी शामिल हैं, जो 2021 में स्टडी वीजा पर कनाडा पहुंचे थे। उनका कहना है कि दो साल इंतजार के बाद अचानक उनका आवेदन रद्द कर दिया गया। मिसीसागा की कंपनी में हेल्पर के तौर पर काम कर रहे संदीप ने भी यही अनुभव साझा किया। ओआईएनपी के तहत कुल 2,600 आवेदन खारिज कर दिए गए हैं। प्रदर्शनकारियों का दावा है कि उनकी दी गई जानकारी पूरी तरह सही है और वे हर दस्तावेज पेश करने को तैयार हैं।