एसजीपीसी के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहब के आदेशों पर एसजीपीसी ने सारे मामले की जांच करके पहले ही आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई कर दी है। अब सरकार ने अपनी नाकामियों को छुपाने के लिए मात्र 2 घंटे के भीतर ही पुलिस मामला दर्ज कर दिया।
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की कार्यकारिणी ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब के 328 स्वरूपों के मामले में दर्ज एफआईआर पर एक प्रस्ताव पारित किया है। एसजीपीसी ने इसे श्री अकाल तख्त साहब के आदेशों को सरकार की सीधी चुनौती बताया है। इस मामले को एसजीपीसी की वर्किंग में सरकार का हस्तक्षेप करने की कोशिश करार दिया गया है।
एसजीपीसी के अध्यक्ष हरजिंदर सिंह धामी ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहब के आदेशों पर एसजीपीसी ने सारे मामले की जांच करके पहले ही आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई कर दी है। अब सरकार ने अपनी नाकामियों को छुपाने के लिए मात्र 2 घंटे के भीतर ही पुलिस मामला दर्ज कर दिया जो साबित करता है कि सरकार एसजीपीसी के कामकाज में सीधा दखल दे रही है। सिख पंथ इस दर्ज मामले को किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं करेगा और इसका कानूनी तौर पर जवाब दिया जाएगा। यह मामला एक राजनीतिक साजिश के तहत अब दर्ज किया गया है जबकि एसजीपीसी इसमें दोषी कर्मचारियों को सजा दे चुकी है। यह मामला कुछ कर्मचारियों की ओर से की गई पैसों की हेराफेरी का है।