फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Heart Health: क्रिकेट, फुटबॉल या कोई और? कौन सा खेल रखता है दिल को सबसे ज्यादा फिट

Mon, 01 Dec 2025 07:58 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

  • शारीरिक गतिविधियों का हृदय स्वास्थ्य पर भी असर होता है। ऐसे में सवाल उठता है कि अगर हृदय को स्वस्थ रखना है तो कौन सा खेल खेलना चाहिए? 
  • हालिया रिपोर्ट में विशेषज्ञों ने निष्कर्ष निकाला है कि फुटबॉल-हॉकी या क्रिकेट नहीं बल्कि गोल्फ खेलना आपके हार्ट हेल्थ के लिए बहुत लाभदायक हो सकता है।
Register For Event
विज्ञापन
1 of 5
हृदय को कैसे स्वस्थ रखें? - फोटो : Freepik.com
शरीर को स्वस्थ रखने के लिए खानपान और दिनचर्या को ठीक रखना सबसे जरूरी माना जाता है। आप किन चीजों का सेवन करते हैं, कैसी दिनचर्या का पालन करते हैं इन सभी का सेहत पर सीधा असर पड़ता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों को नियमित रूप से शारीरिक गतिविधि बढ़ाने, योग-व्यायाम करते रहने की भी सलाह देते हैं। अध्ययनों से पता चलता है कि अगर आप शारीरिक परिश्रम अधिक करते हैं, पसीना बहाने वाले खेल-खेलते हैं तो इससे भी विशेष लाभ प्राप्त हो सकता है।

शारीरिक गतिविधियों का हृदय स्वास्थ्य पर भी असर होता है। ऐसे में सवाल उठता है कि अगर हृदय को स्वस्थ रखना है तो कौन सा खेल खेलना चाहिए? 

इससे संबंधित एक हालिया रिपोर्ट में विशेषज्ञों ने निष्कर्ष निकाला है कि फुटबॉल-हॉकी या क्रिकेट नहीं बल्कि गोल्फ खेलना आपके हार्ट हेल्थ के लिए बहुत लाभदायक हो सकता है।
विज्ञापन

2 of 5
गोल्फ खेलने से होने वाले फायदे - फोटो : Freepik.com
हार्ट हेल्थ के लिए गोल्फ खेलना सबसे अच्छा

नेशनल ज्योग्राफिक की एक हेल्थ रिपोर्ट में विशेषज्ञों ने यह निष्कर्ष निकला है कि नियमित रूप से गोल्फ खेलने वाले लोग न केवल हृदय रोगों से दूर रहते हैं, बल्कि उनकी संज्ञानात्मक क्षमता (कॉग्निशन) भी लंबे समय तक सक्रिय रहती है। भारत के स्वास्थ्य विशेषज्ञ भी इसे सबसे सहज जीवनशैली व्यायाम मानते हैं। रिपोर्ट के अनुसार गोल्फ खेलना शरीर और मस्तिष्क  दोनों पर गहरा प्रभाव डालता है। 

शोध में यह पाया गया है कि गोल्फ खेलने से कार्डियोवैस्कुलर हेल्थ, मानसिक एकाग्रता और जीवन प्रत्याशा (लाइफस्पैन) में उल्लेखनीय सुधार होता है। 
विज्ञापन

3 of 5
हार्ट और दिल कैसे स्वस्थ रखें - फोटो : Freepik.com
हृदय और मन दोनों रहता है स्वस्थ

विशेषज्ञों ने पाया कि लगातार चलना और हल्की शारीरिक मेहनत, व्यायाम के समान ही ये खेल भी फायदेमंद है। एक खिलाड़ी औसतन 18 होल खेलने के दौरान 6 से 8 किलोमीटर चलता है, जिससे रक्त संचार, फेफड़ों की क्षमता, और हृदय गति में सुधार होता है। मनोवैज्ञानिक दृष्टि से भी यह खेल अद्वितीय है।

हर शॉट में एकाग्रता, रणनीति और धैर्य की आवश्यकता होती है, जिससे मस्तिष्क की सक्रियता बनी रहती है। विशेषज्ञों का कहना है कि प्राकृतिक वातावरण में खेलना स्ट्रेस हार्मोन कोर्टिसोल को कम करता है, जिससे अवसाद और चिंता जैसी मानसिक समस्याओं से राहत मिलती है।

4 of 5
गोल्फ खेलने के लाभ - फोटो : Freepik.com
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?

नई दिल्ली स्थित ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एम्स) के वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. रजनीश कपूर के अनुसार गोल्फ को कई लोग सिर्फ अमीरों का शौक समझते हैं, लेकिन वैज्ञानिक दृष्टि से यह एक शानदार कार्डियोवैस्कुलर एक्सरसाइज है। इसमें न तो अत्यधिक तनाव होता है और न ही चोट का खतरा, जिससे यह मध्य और वृद्ध आयु वर्ग के लोगों के लिए आदर्श गतिविधि है।

इंडियन स्पोर्ट्स साइंस एसोसिएशन की रिपोर्ट भी यही दर्शाती है कि 50 वर्ष से अधिक आयु के खिलाड़ियों में, जो सप्ताह में तीन बार गोल्फ खेलते हैं, उनमें हृदय रोग की आशंका 30% तक कम पाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
गोल्फ खेलने के क्या फायदे हैं? - फोटो : Freepik.com
गोल्फ के और भी कई फायदे
  • शोध में पाया गया कि गोल्फ हृदय को मजबूत बनाता है, रक्त संचार बेहतर होता है और हृदयाघात का खतरा घटता है। खुली हरियाली में खेलने से स्ट्रेस हार्मोन कोर्टिसोल का स्तर घटता है, जिससे मूड बेहतर होता है और नींद की गुणवत्ता बढ़ती है।
  • हर शॉट में ध्यान, रणनीति और गणना की आवश्यकता मस्तिष्क के न्यूरल नेटवर्क को सक्रिय रखती है, जिससे स्मृति और एकाग्रता में सुधार होता है। 
  • इस खेल के दौरान लगातार चलने और क्लब स्विंग करने से शरीर की कैलोरी बर्न होती है। इससे वजन संतुलित रहता है और ऊपरी शरीर की मांसपेशियां मजबूत होती हैं।


--------------------------
स्रोत
The striking ways that playing golf reshapes your body and brain strength


अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें