ज्योतिषशास्त्र के उपायों में मुख्य रूप से नौ रत्नों का वर्णन है परंतु ये रत्न काफी महंगे होते हैं और हर व्यक्ति इन्हें धारण नहीं कर पाता है।ज्योतिषशास्त्र के अनुसार रत्नों के स्थान पर उपरत्न भी पहने जा सकते हैं जो सस्ते भी होते हैं और कारगर भी साबित होते हैं।
उपरत्न और रत्न में अंतर बस इतना सा है कि रत्न ज्यादा लंबे समय तक काम करते हैं और उपरत्न कम समय तक ही अपना प्रभाव दिखा पाते हैं। ज्योतिषशास्त्र के अनुसार एक ग्रह के लिए मुख्य रूप से एक रत्न और कई सारे उपरत्न होते हैं। सही उपरत्न धारण करने से तुरंत लाभ होता है। आइए, जानते हैं महंगे रत्नों के स्थान पर आप कौनसे उपरत्न धारण कर सकते हैं।