फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इंदौर: आईडीए में बवाल, फ्लैटों के फार्म के लिए मारपीट की नौबत, भीड़ से भागते दिखे अधिकारी, वेबसाइट भी ठप

Thu, 15 Oct 2026 11:52 AM IST
Arjun Richhariya न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर

सार

इंदौर में आईडीए के फ्लैट आवंटन फार्म बांटने के दौरान वेबसाइट ठप होने और रोजाना केवल बीस फार्म मिलने से परेशान लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और मारपीट तक की नौबत आ गई।
Register For Event
विज्ञापन
1 of 3
फार्म लेकर भागते रहे अधिकारी, फूटा लोगों का गुस्सा। - फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
इंदौर विकास प्राधिकरण द्वारा विभिन्न योजनाओं के तहत निकाले गए फ्लैटों के आवंटन के लिए इन दिनों फार्म बांटे जा रहे हैं, लेकिन यह प्रक्रिया आम जनता के लिए सिरदर्द बन गई है। गुरुवार को फार्म वितरण के दौरान हालात इतने बिगड़ गए कि वहां मारपीट की स्थिति तक निर्मित हो गई, जिसे संभालने के लिए आखिरकार अधिकारियों को मौके पर पहुंचना पड़ा।
Trending Videos
विज्ञापन

2 of 3
आईडीए की वेबसाइट बार बार बंद हो रही है। - फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
वेबसाइट न चलने से बढ़ी लोगों की मुश्किलें
प्राधिकरण की आधिकारिक वेबसाइट सुचारू रूप से काम नहीं कर रही है, जिसके कारण फ्लैट आवंटन का विकल्प न तो नजर आ रहा है और न ही लोग ऑनलाइन आवेदन कर पा रहे हैं। ऐसी स्थिति में मजबूर होकर लोग कार्यालय का रुख कर रहे हैं, जहां रोजाना केवल 20 ही फार्म वितरित किए जा रहे हैं। लंबी कतारों में खड़े रहने के बावजूद कई लोगों को खाली हाथ लौटना पड़ रहा है और उन्हें अगले दिन आने के लिए कहा जाता है। लगातार दो से तीन दिनों तक चक्कर काटने के बाद जब लोगों को फार्म नहीं मिलते हैं, तो उनका सब्र टूट जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

3 of 3
वेबसाइट में फ्लैट चयन करने का विकल्प भी नहीं आ रहा है। - फोटो : अमर उजाला, डिजिटल डेस्क, इंदौर
नौकरी छोड़कर लाइनों में खड़े होने को मजबूर आम नागरिक
फार्म प्राप्त करने के लिए पहुंचे नागरिकों का कहना है कि उन्हें अपनी नौकरियां छोड़कर इस प्रक्रिया में शामिल होना पड़ रहा है। लगातार कई दिनों तक भटकने के बाद भी जब फार्म हाथ नहीं लगते हैं, तो लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच जाता है। गुरुवार को भी ऐसा ही देखने को मिला जब गुस्साए लोगों ने कार्यालय में जमकर हंगामा किया और अधिकारियों तथा कर्मचारियों से तीखी बहस की। लोगों का यह भी सवाल है कि आज के डिजिटल युग में जहां हर काम ऑनलाइन संभव है, वहां प्राधिकरण अपनी व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने में क्यों असफल साबित हो रहा है।

संपदा अधिकारी ने दिया समस्याओं के समाधान का आश्वासन
जब इस पूरे मामले को लेकर संपदा अधिकारी श्यामू श्रीवास्तव से बात की गई, तो उन्हें इस बात की कोई जानकारी नहीं थी कि कार्यालय के बाहर क्या स्थिति बनी हुई है। उन्होंने स्थिति से अनजान बनते हुए तुरंत वेबसाइट की तकनीकी कमियों को दिखवाने और आम जनता को हो रही असुविधा को दूर करने के लिए उचित प्रबंध करने का भरोसा दिलाया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें