इलाज के नाम पर चल रहे गोरखधंधे ने अमेठी में एक प्रसूता की जान ले ली। बिना लाइसेंस चल रहे नर्सिंग होम में चिकित्सक ने गर्भवती महिला का ऑपरेशन से प्रसव कराया। उसकी हालत बिगड़ने पर एक ऑपरेशन और कर दिया, पर उसकी स्थिति और बिगड़ती चली गई। ऑपरेशन के 17 वें दिन उसने दम तोड़ दिया।
परिवारजन महिला को रेफर करने के लिए गिड़गिड़ाते रहे लेकिन नर्सिंग होम वाले पैसे ऐंठने में लगे रहे। इलाज के नाम पर कुल 82 हजार रुपये जमा करा लिए।
मौत के बाद जब घर वालों ने शव रख कर हंगामा किया तो संचालक व स्टाफ फरार हो गए। ग्रामीणों ने संचालक के बेटे को पकड़कर पुलिस को सौंप दिया है। नर्सिंग होम संचालक के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। एसडीएम ने हॉस्पिटल को सील कर दिया है।