ठगों ने झांसे में इस तरह लिया
आपके नाम से एचडीएफसी बैंक में खाता खोलकर अवैध ट्रांजेक्शन किया गया है। ठगों ने झांसे में लेने के लिए बदरुद्दीन के पास एनआईए, आरबीआई और सुप्रीम कोर्ट के जाली कागजात व्हाट्सएप पर भेजे।
इसके बाद खुद को एटीएस का अफसर बताकर उन्हें किसी से भी बात नहीं करने के लिए कहा। धमकी देते हुए पीड़ित से उनके सारे बैंक खातों की जानकारी ले ली गई और कई बार में 84 लाख 50 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिए गए।
ठगों ने कहा था कि जांच के बाद वे रकम लौटा देंगे, लेकिन ऐसा नहीं किया। रुपये वापस नहीं मिलने पर पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद उन्होंने साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत की और फिर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई।
पुलिस ने फ्रीज कराए 27 लाख रुपये
साइबर क्राइम थाने के इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार ने बताया कि बदरुद्दीन ने 11 मार्च से चार अप्रैल के बीच रुपये स्थानांतरित किए थे। पीड़ित का कहना है कि धोखाधड़ी की घटना से वह काफी डर गए थे। इस कारण उन्होंने आपबीती किसी से नहीं बताई। बाद में वह थाने पहुंचे। पुलिस ने शिकायत मिलते ही ठगों के खाते में पीड़ित के 27 लाख रुपये फ्रीज करवा दिए।