अधीक्षक की तैनाती नहीं, प्रवक्ता के चार पद रिक्त
प्रधानाचार्य अंजू सिंह ने बताया कि कर्मशाला अधीक्षक का एक ही पद है, जो लंबे समय से रिक्त है। तकनीकि प्रवक्ता के छह पद स्वीकृत हैं। इसमें दो पद खाली हैं। नॉन टेक्निकल का एक पद रिक्त है। सिविल में विभागाध्यक्ष का पद खाली है। मैकेनिकल में भी प्रवक्ता की कमी है। चतुर्थ श्रेणी के 10 से अधिक पद खाली हैं। 10 कर्मचारी आउटसोर्सिंग (ठेका) से लगाए गए हैं।
भवन जर्जर-संसाधन भी कम, जैसे-तैसे चल रहा काम
वर्कशॉप (कर्मशाला) खस्ताहाल है। इसका भवन जर्जर हो गया है। परिसर में कारपेंटरी, इलेक्टि्रक, वेल्डिंग, फाउंड्री, स्मिथि आदि 10 शॉप्स हैं। दोपहर के समय सभी शॉप्स पर ताला लगा था। परिसर में मौजूद कर्मचारी ने बताया कि द्वितीय वर्ष के छात्रों को सुबह प्रैक्टिकल कराया गया है। वर्कशॉप की अधिकांश शॉप्स में संसाधनों का टोटा है। छात्रों को जैसे-तैसे प्रैक्टिकल कराया जाता है।
इसके लिए पत्राचार किया गया
राजकीय गोविंद बल्लभ पंत पॉलीटेक्निक की प्रधानाचार्य अंजू सिंह ने बताया कि वर्कशॉप में प्रथम वर्ष के सभी और द्वितीय वर्ष में मैकेनिकल के छात्रों को ही प्रैक्टिकल कराया जाता है। प्रशिक्षक, छात्रों के शॉप्स वार ग्रुप बनाकर छात्रों को प्रशिक्षित करते हैं। प्रशिक्षकों के रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया चल रही है। वर्कशॉप के भवन की हालत और संसाधनों की कमी है। इसके लिए पत्राचार किया गया है।