बाबू बनारसी दास वार्ड में अधूरा पड़ा काम।
लखनऊ। बारिश में जलभराव न हो, इसको लेकर कई वार्डों में करीब दो करोड़ रुपये से अधिक की लागत से जल निकासी के कार्य कराए जा रहे हैं, लेकिन ठेकेदारों की लापरवाही से एक महीने में होने वाले ये काम तीन महीने बाद भी अधूरे हैं। ऐसे में बारिश में फिर जलभराव की आशंका है।
बीते साल शहर में हुए जलभराव को देखते हुए इस बार अवस्थापना निधि के बजट में जल निकासी के कार्याें को प्राथमिकता दी गई। पुराने वार्डों में जहां नाला बनने में दिक्कत थी, वहां भूमिगत पाइप बिछाने का बजट पास किया गया। उसी के तहत नगर निगम ने बाबू बनारसी दास वार्ड में माता सुग्गा देवी मार्ग पर उदयगंज तिराहे से प्राथमिक विद्यालय तक जल निकासी की व्यवस्था बेहतर करने के लिए भूमिगत पाइप बिछाने का प्रस्ताव पास किया। यह काम तीन महीने पहले हो जाना चाहिए था, मगर अब तक अधूरा है। काम में ढिलाई पर नगर निगम ने ठेकेदार फर्म शिव ओम ट्रेडर्स पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
इसी तरह वजीरगंज मशकगंज वार्ड में इमाम बख्श कैच नाले को ढंकने का काम भी काम अधूरा है। यहां नगर निगम ने ठेकेदार फर्म मुकेश इंटरप्राइजेज पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इसके अलावा लालकुआं वार्ड में संघ पार्क से स्टेशन रोड तक जल निकासी के काम में लापरवाही की जा रही है। लापरवाही की हद यह है कि तीन महीने में नाले की डिजाइन ही तय नहीं की जा सकी। इसको लेकर नगर निगम ने ठेकेदार फर्म कुमार कंस्ट्रक्शन पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
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कोट
कई बार निर्देश के बाद भी ठेकेदारों काम में सुधार न करने पर ठेकेदारों पर जुर्माना लगाया गया है। यदि काम में फिर लापरवाही मिली तो और सख्त कार्रवाई की जाएगी क्योंकि बारिश से पहले काम पूरा कराना है।
- अतुल मिश्रा, अधिशासी अभियंता, नगर निगम