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Lucknow News: गैस के लिए घमासान, एजेंसियों पर कतार, उपभोक्ता परेशान

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गैस सिलिंडर के लिए कतार में खड़े लोग।
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लखनऊ। जिले में रसोई गैस के लिए मंगलवार को ऐसे हालात बने कि कई जगह उपभोक्ताओं को सिलिंडर के लिए जद्दोजहद करनी पड़ी। शहर की गैस एजेंसियों पर सुबह से ही खाली सिलिंडरों की कतार लग गई और लोग घंटों इंतजार करते नजर आए। कई स्थानों पर उपभोक्ताओं और कर्मचारियों के बीच नोकझोंक भी हुई।
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स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी विशाख जी ने तीनों गैस कंपनियों के अधिकारियों और आपूर्ति विभाग से जुड़े अफसरों को तलब कर स्थिति की जानकारी ली। कंपनियों के प्रतिनिधियों ने डीएम को भरोसा दिलाया कि घरेलू गैस की सप्लाई में किसी तरह की कोई कमी नहीं है। इस पर डीएम ने सख्त निर्देश दिए कि जिले में किसी भी हाल में गैस आपूर्ति बाधित नहीं होनी चाहिए।
हालांकि, प्रशासन के इन दावों के बीच जमीनी तस्वीर कुछ और ही नजर आई। लालबाग क्षेत्र की सहकारी गैस सर्विस केंद्र पर सुबह से ही उपभोक्ताओं ने अपने खाली सिलिंडर लाइन में लगा दिए और गैस मिलने का इंतजार करते रहे। लाइन में खड़े शरीफ खान ने बताया कि उन्होंने तीन दिन पहले गैस बुक कराई थी। मंगलवार को जब सिलिंडर लेने पहुंचे तो कर्मचारियों ने कहा कि उनके नाम का सिलिंडर पहले ही निकल चुका है। इस पर उनका कर्मचारियों से वाद-विवाद हो गया। काफी बहस और शोर-शराबे के बाद उन्हें सिलिंडर दिया गया।
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उमाकांत पांडे ने बताया कि वह सोमवार को भी गैस लेने आए थे, लेकिन खाली हाथ लौटना पड़ा। मंगलवार को फिर से लाइन में लगना पड़ा, लेकिन कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल रहा है। वहीं, सुल्तान हसन ने बताया कि उन्होंने करीब 20 दिन पहले गैस बुक कराई थी, मगर अब तक सिलिंडर नहीं मिला। पड़ोसी से सिलिंडर लेकर काम चला रहे हैं और उसे वापस करने के लिए नया सिलिंडर लेने आए हैं। महानगर क्षेत्र की एक गैस एजेंसी पर भी उपभोक्ताओं की भीड़ उमड़ी रही। लोगों की शिकायत थी कि न तो सिलिंडर मिल रहा है और न ही बुकिंग हो पा रही है। कई उपभोक्ताओं ने बताया कि वे दो-दो दिन से बुकिंग नंबर पर फोन मिला रहे हैं, लेकिन कॉल बुक नहीं हो रही है।

काॅमर्शियल सिलिंडर की आपूर्ति बंद होने से बढ़ा दबाव
एकेपी इंडेन गैस एजेंसी के संचालक अनुराग यादव भी अपने स्टाफ के साथ लोगों को समझाने में लगे दिखे। उनका कहना है कि कॉमर्शियल सिलिंडर की डिलीवरी पर रोक के कारण घरेलू सिलिंडर की मांग अचानक बढ़ गई है। इसके अलावा 25 दिन बाद बुकिंग की व्यवस्था के कारण भी कई उपभोक्ता बीच अवधि में गैस खत्म होने पर एजेंसी पहुंच रहे हैं।

प्रशासन का दावा : जिले में नहीं गैस की किल्लत
डीएम विशाख जी ने मंगलवार को शिविर कार्यालय में ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर एलपीजी गैस सिलिंडरों के स्टॉक और वितरण व्यवस्था की समीक्षा की। समीक्षा में पाया गया कि जिले की सभी गैस एजेंसियों पर घरेलू गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और आपूर्ति सामान्य है।
एडीएम (आपूर्ति) ज्योति गौतम और जिला पूर्ति अधिकारी विजय प्रताप सिंह ने बताया कि जिले में 120 गैस एजेंसी हैं। प्रतिदिन करीब 25 हजार गैस सिलिंडरों की खपत है। मंगलवार इंडेन गैस को 18 हजार, भारत गैस को 12 हजार और हिंदुस्तान गैस को सात हजार गैस सिलिंडरों की आपूर्ति की गई।
डीएम के निर्देश पर अपर नगर मजिस्ट्रेटों की टीम ने तेलीबाग इंडेन गैस एजेंसी, सूरज इंडेन गैस एजेंसी आलमबाग, महासगन गैस एजेंसी, राजाजीपुरम गैस एजेंसी, स्मृति गैस एजेंसी हजरतगंज और सहकारी गैस एजेंसी का औचक निरीक्षण किया। लगभग सभी स्थानों पर स्थिति ठीक मिली। उन्होंने बताया कि कंपनियों की गाइडलाइन के अनुसार 25 दिन बाद डीएसी (डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड) जनरेट होने पर ही गैस सिलिंडर की डिलीवरी हो सकेगी।

गैस सिलिंडर के लिए कतार में खड़े लोग।

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