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धार रोड से कश्मीर पहुंचे आतंकियों को रिसीव करने वाले तीन ओजी वर्कर गिरफ्तार

Mon, 10 Feb 2020 07:01 PM IST
Pranjal Dixit न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू

सार

  • नगरोटा आतंकी हमले में गिरफ्तार आतंकी हैंडलर समीर डार की पूछताछ में पकड़े गये तीनों
  • समीर डार ने दिसंबर में तीन आतंकियों को पुलवामा ले जाकर इन तीनों को सौंप था
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तीन ओजीडब्लू गिरफ्तार - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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नगरोटा आतंकी हमले की जांच में जैश ए मोहम्मद का एक और आतंकी नेटवर्क ध्वस्त किया गया है। कश्मीर के तीन स्थानों पर छापेमारी करके तीन ओवर ग्राउंड वर्करों को दबोचा गया है। यह वही ओजी वर्कर हैं, जिनको डेढ़ महीना पहले समीर डार ने तीन जैश आतंकी सौंपे थे। पुलिस ने रविवार देर रात छापेमारी करके यह कार्रवाई की है।
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पकड़े गए ओजी वर्करों में बड़गाम निवासी सोहेल लोन, पुलवामा निवासी शोएब मंजूर और याहूर अहमद खान शामिल हैं। नगरोटा में मारे गए आतंकियों को कश्मीर ले जाने वाले मुख्य हैंडलर समीर डार से हुई पूछताछ में इसका खुलासा हुआ है। समीर ने बताया था कि दिसंबर 2019 में उसने अपने ट्रक में तीन जैश आतंकियों को सांबा के मानसर धार रोड से कश्मीर पहुंचाया था। 

वह इन आतंकियों को लेकर सीधा पुलवामा पहुंचा। यहां तीनों आतंकी इन ओजी वर्करों को सौंप दिए गए। सौंपे गए आतंकी कहां और किस मकसद से रह रहे हैं, यह अभी इनसे पूछताछ हो रही है। सूत्रों का कहना है कि पुलिस ने रविवार को समीर डार को अपने साथ पुलवामा ले जाकर कार्रवाई की।
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कश्मीर में कार्रवाई तेज होगी
जानकारी के अनुसार कश्मीर के पुलवामा, बड़गाम और अन्य क्षेत्रों में नगरोटा हमले को लेकर अभी छापेमारी तेज होगी। क्योंकि जैश ए मोहम्मद का कश्मीर नेटवर्क पुलवामा जिले में सबसे अधिक चल रहा है। कश्मीर में सबसे अधिक आतंकी और ओजी वर्कर इसी जिले से हैं। इसलिए इस इलाके में आतंकियों की धरपकड़ के लिए कार्रवाई तेज होगी।

घुसपैठ अब भी पहेली
एक तरफ साफ हो चुका है कि सांबा का चक दियाला एरिया आतंकियों ने घुसपैठ के लिए इस्तेमाल किया। बेशक इसे कोई मानने को तैयार नहीं। लेकिन नगरोटा हमले में पकड़े गए समीर ने दो खुलासे किए कि वह दिसंबर 2019 में भी इसी जगह से तीन जैश आतंकियों को लेकर कश्मीर गया। जबकि 31 जनवरी को फिर वह आतंकी लेकर जा रहा था। आतंकी घुसपैठ तो हुई, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं हुआ कि आखिर आतंकी आए कहां से। इसकी पहेली बने रहने से यह भी अंदेशा है कि आतंकियों की घुसपैठ जारी रह सकती है।
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