रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जयपुर में ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर 27 मिनट की डॉक्यूमेंट्री जारी की। इस दौरान तीनों सेनाओं के प्रमुख और सीडीएस मौजूद रहे। यह फिल्म भारतीय सेना के साहस और अनुशासन को दर्शाती है। सम्मेलन में सैन्य तैयारियों और सुरक्षा मुद्दों पर भी चर्चा हुई।
केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह गुरुवार को जयपुर पहुंचे। उन्होंने यहां ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ के अवसर पर एक विशेष डॉक्यूमेंट्री फिल्म जारी की। यह फिल्म 27 मिनट की है। इसे सप्त शक्ति कमान की ओर से आयोजित संयुक्त कमांडर सम्मेलन में दिखाया गया। यह पूरा कार्यक्रम दक्षिण-पश्चिमी कमान के मुख्यालय में संपन्न हुआ।
विज्ञापन
जयपुर पहुंचने पर राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने रक्षा मंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी और प्रेम चंद बैरवा भी वहां मौजूद रहे। साथ ही खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौर और सांसद मदन राठौर ने भी उनकी अगवानी की।
डॉक्यूमेंट्री जारी करने के समय रक्षा मंत्री के साथ देश के शीर्ष सैन्य अधिकारी मौजूद थे। इनमें चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान, थल सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी और वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह शामिल थे।
विज्ञापन
रक्षा मंत्रालय ने इस डॉक्यूमेंट्री को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर भी साझा किया है। मंत्रालय ने इसे भारतीय सशस्त्र बलों के साहस, सटीकता और अटूट जज्बे को एक बड़ी श्रद्धांजलि बताया। यह फिल्म भारत की संप्रभुता, एकता और अखंडता की रक्षा करने के मजबूत संकल्प को दर्शाती है। इसमें सेना के बेहतरीन तालमेल, अनुशासन और युद्ध कौशल के विभिन्न पहलुओं को बहुत करीब से दिखाया गया है। सैन्य अधिकारियों ने बताया कि इस फिल्म का मकसद न केवल सैनिकों के योगदान का सम्मान करना है, बल्कि नागरिकों में देशभक्ति और राष्ट्रीय गर्व की भावना जगाना भी है।
इस समारोह में वरिष्ठ रक्षा अधिकारी और सैन्य कमांडर भी शामिल हुए। ऑपरेशन सिंदूर को एक अत्यंत महत्वपूर्ण सैन्य अभियान माना जाता है। यह भारत की रणनीतिक तैयारी और जवाबी कार्रवाई की क्षमता को साबित करता है। सम्मेलन के दौरान वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों ने क्षेत्रीय सुरक्षा और सेना की युद्धक तैयारियों की भी विस्तार से समीक्षा की। यह आयोजन ऑपरेशन सिंदूर के एक साल पूरे होने के उपलक्ष्य में की जा रही विभिन्न गतिविधियों का एक मुख्य हिस्सा था।