संवाद न्यूज एजेंसी
रोहतक। दादा लख्मीचंद स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ परफॉर्मिंग एंड विजुअल आर्ट्स (डीएलसी सुपवा) में तीन दिवसीय डिजाइन फेस्टिवल सूत्रम के दूसरे दिन वीरवार को स्कूली छात्रों ने विभिन्न शिल्प कलाएं सीखीं। यूनिवर्सिटी परिसर में छात्रों की भीड़ उमड़ी।
छात्रों ने लाइव वर्कशॉप में मौजूद विशेषज्ञों से कलाएं सीखने में रुचि दिखाई। इस फेस्टिवल का समापन 14 अगस्त को फैशन शो के साथ होगा।
शहर के महाराजा अग्रसेन पब्लिक स्कूल, पठानिया पब्लिक स्कूल व मॉडल स्कूल जैसे चुनिंदा विद्यालयों के छात्र अपने शिक्षकों के साथ सुपवा पहुंचे। छात्रों ने डिजाइन प्रदर्शनी का अवलोकन किया। यहां कला, शिल्प और फैशन का संगम देखा गया।
सुपवा के छात्रों ने पारंपरिक व आधुनिक परिधानों के साथ भारत का मानचित्र भी प्रदर्शित किया। इसमें प्रत्येक राज्य की शिल्प कला को दर्शाया गया था। प्रदर्शनी परिसर की साज-सज्जा में भी छात्रों की कलात्मक प्रतिभा दिखी।
कुलपति प्रो. अमित आर्य ने फेस्टिवल का दौरा कर छात्रों का उत्साह बढ़ाया। उन्होंने ब्लॉक पेंटिंग की लाइव वर्कशॉप में हिस्सा लिया। रजिस्ट्रार गुंजन मलिक मनोचा भी इस दौरान मौजूद रहीं।
शिल्प कलाओं की लाइव वर्कशॉप
सूत्रम में अलग-अलग राज्यों की शिल्प कलाओं को प्रदर्शित करने के लिए लाइव वर्कशॉप आयोजित की गईं जिनमें स्कूली छात्रों व शहरवासियों ने विशेषज्ञों से जानकारी ली। कई छात्रों ने शिल्पकारों के पास बैठकर खुद भी इन कलाओं को सीखने का प्रयास किया। खेमराज सुंदरियाल ने हथकरघा, गुरिंदर कौर भुल्लर ने फुलकारी एंब्रॉयडरी और वंदना गुप्ता ने फैब्रिक जूलरी की वर्कशॉप लगाई।