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Palwal News: दरक गईं शिक्षा के मंदिर की ईंटें

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करोड़ों की लागत से बनकर तैयार हुआ स्कूल भवन बिना उपयोग के हुआ जर्जर।
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कक्षा लगने से पहले ही जर्जर हुआ शाह चोखा का सीनियर सेकेंडरी स्कूल
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सद्दाम हुसैन

पिनगवां। करीब 12 वर्ष पहले तैयार किया गया सीनियर सेकेंडरी स्कूल भवन आज अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा है। जिस भवन में बच्चों की पढ़ाई की आवाज गूंजनी थी, वहां आज सन्नाटा पसरा हुआ है। करोड़ों रुपये की लागत से बना यह स्कूल भवन कभी विद्यार्थियों के उपयोग में ही नहीं आ सका और समय के साथ जर्जर होकर खंडहर में तब्दील होता जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि भवन बनने के बाद आज तक यहां एक भी कक्षा संचालित नहीं हुई।
ग्रामीण अजरूद्दीन, सलीम खान, जाकिर हुसैन, हाजी खुर्शीद, जमशेद खान, वकील अहमद और मोमिन सहित अन्य लोगों ने बताया कि उन्हें उम्मीद थी कि नए भवन में आधुनिक सुविधाओं के साथ बच्चों को बेहतर माहौल मिलेगा, लेकिन उनकी उम्मीदें पूरी नहीं हो सकी।ग्रामीणों के अनुसार भवन निर्माण के बाद से ही इसका उपयोग शुरू नहीं हो पाया। रखरखाव के अभाव में आज इसकी हालत बेहद खराब हो चुकी है। भवन के अधिकांश कमरों के दरवाजे और खिड़कियां गायब हैं। कई स्थानों पर दीवारों में दरारें आ चुकी हैं, जबकि छत भी जर्जर अवस्था में पहुंच गई है। परिसर में उगी झाड़ियां और टूटी-फूटी संरचनाएं इस बात की गवाही देती हैं कि वर्षों से इस भवन की ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया।
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सरपंच प्रतिनिधि हाजी तौफीक खान ने बताया कि ग्राम पंचायत की ओर से कई बार शिक्षा विभाग के अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया गया है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में लड़कियों के लिए पर्याप्त स्कूल भवन उपलब्ध नहीं है, जिसके कारण छात्राओं को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। यदि लड़कों के स्कूल को इस भवन में शिफ्ट किया जाता है तो मौजूदा भवन को लड़कियों के लिए समर्पित किया जा सकता है।
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कोट

स्कूल भवन की स्थिति का मामला संज्ञान में है। भवन की जर्जर हालत और लंबे समय से उपयोग में न आने की जानकारी विभाग को मिल चुकी है। इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई जल्द होगी। -वीरेंद्र कुमार, खंड शिक्षा अधिकारी
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