संवाद न्यूज एजेंसी
कैथल। बढ़ती गर्मी और लू के खतरे को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। उपायुक्त अपराजिता ने लू से बचाव को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक में सभी विभागों को अपनी तैयारियां पुख्ता रखने के निर्देश दिए। इसके तहत स्कूलों की छतों पर चूने का लेप लगाने के भी निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि आमजन को बिजली, पानी, दवाइयों या अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। डीसी ने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि एसडीएम द्वारा चयनित पांच-पांच स्कूलों में लू से बचाव के विशेष इंतजाम किए जाएं। इसके तहत कक्षाओं की छतों पर चूना और फेविकोल के मिश्रण की परत चढ़ाई जाएगी, जिससे तापमान में कमी लाई जा सके।
उन्होंने सामाजिक और धार्मिक संस्थाओं से भी इस अभियान में सहयोग की अपील करते हुए कहा कि वे स्कूलों को गोद लेकर इस कार्य में प्रशासन की मदद कर सकते हैं। बैठक में एडीसी सुशील कुमार, एसडीएम संजय कुमार, डीएसपी रमेश कुमार और सीएमओ डॉ. रेनू चावला सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
स्वास्थ्य और स्वच्छता पर विशेष फोकस
डीसी ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि सभी अस्पतालों में एसी और कूलर की कार्यशील स्थिति सुनिश्चित की जाए। जहां उपकरण खराब हैं, उन्हें तुरंत ठीक कराया जाए। दवाइयों की पर्याप्त उपलब्धता और डॉक्टरों की नियमित मौजूदगी भी सुनिश्चित की जाए।
साथ ही डेंगू और मलेरिया की रोकथाम के लिए ‘घर-घर सर्वे’ अभियान तेज करने, बुखार के मामलों में आवश्यक जांच की व्यवस्था बनाए रखने तथा जरूरत पड़ने पर प्रभावित क्षेत्रों में फॉगिंग करवाने के निर्देश दिए गए।
पेयजल और सीवरेज समस्याओं पर सख्ती
जन स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए गए कि सभी सार्वजनिक स्थानों पर पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। वार्ड 11, 12, डिफेंस कॉलोनी और डोगरा गेट क्षेत्रों में सीवरेज व जलभराव की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान किया जाए।
बिजली विभाग को गर्मी के दौरान निर्बाध आपूर्ति बनाए रखने और बेहतर लोड प्रबंधन सुनिश्चित करने को कहा गया। वहीं, संभावित आगजनी की घटनाओं से निपटने के लिए फायर विभाग को भी अलर्ट रहने और आवश्यक संसाधन तैयार रखने के निर्देश दिए गए।