78 संस्थानों के 441 शोध पत्रों में से 122 को मिली जगह, पहली बार उत्तर प्रदेश में हो रहा आयोजन
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। सेमीकंडक्टर और इंटेलिजेंट कंप्यूटिंग सिस्टम के क्षेत्र में भविष्य की तकनीकों पर चर्चा के लिए जेपी इंस्टीट्यूट ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (जेआईआईटी) में बृहस्पतिवार को 30वें इंटरनेशनल सिम्पोजियम ऑन वीएलएसआई डिजाइन एंड टेस्ट (वीडीएटी) का शुभारंभ हुआ। सम्मेलन में देश और विदेश के 78 संस्थानों से कुल 441 शोध पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 122 शोध पत्रों का चयन किया गया है। तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में देश-विदेश के शिक्षाविद, शोधकर्ता, उद्योग विशेषज्ञ, नीति निर्माता और विद्यार्थी शामिल हुए। वीडीएटी का आयोजन पहली बार उत्तर प्रदेश में किया जा रहा है। उद्घाटन समारोह में इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय की वैज्ञानिक-जी और आरएंडडी डिवीजन की ग्रुप कोऑर्डिनेटर सुनीता वर्मा मुख्य अतिथि रहीं। सुनीता वर्मा ने कहा कि भारत को सेमीकंडक्टर क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए चिप डिजाइन, फैब्रिकेशन, एडवांस पैकेजिंग, टेस्टिंग, मैटेरियल और बौद्धिक संपदा के क्षेत्र में क्षमताएं बढ़ानी होंगी।