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सीएम धामी के निर्देश पर 175 कैदियों की रिहाई: अलग-अलग जेलों में सजा काट रहे बंदियों के परिजनों का इंतजार खत्म 

Sat, 09 Apr 2022 12:49 PM IST
रेनू सकलानी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

जिला कारागर देहरादून में ऐसे 23 कैदी हैं, जिन्हें समय से पूर्व रिहा किया जा रहा है। ये सभी कैदी 14 साल से लेकर 21 वर्ष तक की सजा काट चुके हैं। हरिद्वार जिला कारागार से 63 बंदियों को छोड़ने के आदेश हुए हैं, जबकि पौड़ी और चमोली जिला कारागार से एक-एक सजायाफ्ता कैदी छोड़ा जा रहा है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : Social Media
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विस्तार
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प्रदेश की अलग-अलग जेलों में सजा काट रहे कैदियों को समय पूर्व माफी देते हुए प्रदेश सरकार ने रिहा कर दिया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर गृह विभाग ने कैदियों की रिहाई के आदेश जारी किए। प्रमुख सचिव गृह रमेश कुमार सुधांशु ने आदेश जारी होने की जानकारी दी है।

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अपर सचिव गृह अतर सिंह द्वारा जारी आदेश में 175 कैदियों के रिहाई की सूचना है। जिला कारागर देहरादून में ऐसे 23 कैदी हैं, जिन्हें समय से पूर्व रिहा किया जा रहा है। ये सभी कैदी 14 साल से लेकर 21 वर्ष तक की सजा काट चुके हैं। संपूर्णानंद शिविर सितारगंज ऊधमसिंह नगर कारागर के ऐसे 81 कैदियों की रिहाई हुई है।

 

इनमें भी 14 वर्ष से 23 वर्ष तक की सजा काट चुके बंदी हैं। हरिद्वार जिला कारागार से 63 बंदियों को छोड़ने के आदेश हुए हैं, जबकि पौड़ी और चमोली जिला कारागार से एक-एक सजायाफ्ता कैदी छोड़ा जा रहा है। केंद्रीय कारागार बरेली और केंद्रीय कारागार फतेहगढ़ से भी दो-दो बंदियोंकी रिहाई के आदेश हुए हैं।

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लंबे समय से रिहाई का इंतजार

गृह विभाग की ओर से जारी आदेश के अनुसार सिद्धदोष बंदियों को भविष्य में विधि सम्मत आचरण बनाए रखने के लिए 50 हजार रुपए का निजी मुचलका कारागार के वरिष्ठ अधीक्षक के समक्ष प्रस्तुत करने के बाद जेल से रिहा किया जाएगा। यदि कोई ऐसा बंदी रिहा हो जाता है, जिसके लिए न्यायालय की ओर से दी गई सजा पूर्ण रूप से भुगतना चाहिए। ऐसे बंदी को प्रदेश सरकार के आदेश के क्रम में दोबारा से कारागार में भेजा जा सकता है। विधानसभा चुनाव की आचार संहिता के चलते कैदियों की रिहाई समय पर नहीं हो पाई। सरकार गठन की प्रक्रिया के चलते भी देरी हुई। अब जबकि हालात सामान्य हो गए तो मुख्यमंत्री ने फाइल पर अनुमोदन कर दिया। बंदियों के परिजनों का लंबे समय से रिहाई का इंतजार खत्म हुआ। 

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