देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी का मामला सामने आया हैं टिप्पणी करने वाला कोई और नहीं बल्कि एक शिक्षक है उसकी टिप्पणी के बाद अब भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता और जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष दुर्गानंद साहू ने भोज सिन्हा पिता स्वर्गीय जगदीश सिंहा के विरुद्ध शिकायत और शिकायत की जांच कर शिक्षा विभाग के मुक्त करने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी को पत्र लिखा है उन्होंने कहा कि एक प्रतिष्ठित पद पर रहते हुए इस तरह अशोभनीय टिप्पणी देश के प्रधानमंत्री के खिलाफ करना यह बड़ी ओछी मानसिकता को दर्शाता है और यह शिक्षा विभाग में कार्य करने के योग्य नहीं है।
भाजपा नेता दुर्गानंद साहू ने जानकारी देते हुए बताया कि भोज सिन्हा जो कि वर्तमान में प्राथमिक शाला बासीन में पदस्थ हैं और उक्त व्यक्ति के द्वारा हेमकांत हरीश पुरी गोस्वामी के द्वारा किए गए फेसबुक पोस्ट में भोज सिन्हा द्वारा हमारे देश के प्रधानमंत्री के विरुद्ध बहुत ही अश्लील और आपत्तिजनक टिप्पणी किया गया है जो कि सिविल सेवा के शर्तों का उल्लंघन है तथा अपराधिकृत है उन्होंने बताया कि आपत्तिजनक कॉमेंट करके आम लोगों एवं भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं की भावनाओं को आहत हुआ है।
आपराधिक प्रकरण हो दर्ज
भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता दुर्गानंद साहू ने बताया कि उक्त शिक्षा के खिलाफ लोगों में काफी आक्रोश है और किसी तरह की कोई अनहोनी उनके साथ ना हो इसे ध्यान में रखते हुए उनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज करवाना चाहिए और शिक्षा विभाग से सेवा मुक्त करना चाहिए उन्होंने बताया कि अभी पूरे देश में आतंकवादी गतिविधियों और उसके बाद देश के प्रधानमंत्री के नेतृत्व में की गई सैन्य कार्रवाई की चर्चा वैश्विक स्तर पर है ऐसे में एक शिक्षक जो कि बच्चों को प्रधानमंत्री के कर्तव्यों उनके कार्यों की जानकारी देनी चाहिए वह सोशल मीडिया में आपत्तिजनक टिप्पणी कर रहे हैं यह बिल्कुल ही बर्दाश्त नहीं की करने वाला विषय है।
विभाग नहीं करेगा कार्रवाई तो हम कराएंगे FIR
भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता दुर्गानंद साहू ने बताया है कि यदि विभाग द्वारा इस पूरे मामले को गंभीरता से नहीं लिया जाता और कार्रवाई नहीं की जाती है तो हम उक्त व्यक्ति के खिलाफ थाने में स्वत ही अपराध पंजीबद्ध कर आएंगे क्योंकि यह गंभीर मामला है और पूरे भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं में आक्रोश प्राप्त है और उनकी भावनाओं को आहत पहुंचा है।